‘वैभव की छाया में दब रहे हैं यशस्वी’, अंबाती रायडु बोले- राजस्थान छोड़ें तो बन सकते हैं बड़े स्टार

आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने अपने प्रदर्शन से सभी का ध्यान खींच लिया है। लगातार विस्फोटक पारियां खेल रहे वैभव इस समय ऑरेंज कैप होल्डर बने हुए हैं। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ दूसरे क्वालिफायर में उन्होंने 29 गेंदों पर 97 रन की तूफानी पारी खेलकर राजस्थान को जीत दिलाई और फाइनल की दहलीज तक पहुंचा दिया।
हालांकि, वैभव के शानदार प्रदर्शन के बीच राजस्थान रॉयल्स के दूसरे स्टार बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल को लेकर नई बहस शुरू हो गई है। टीम इंडिया के पूर्व बल्लेबाज अंबाती रायडु ने यहां तक कह दिया कि जायसवाल को अब राजस्थान रॉयल्स छोड़ने पर विचार करना चाहिए।
रायडु ने ईएसपीएनक्रिकइंफो पर चर्चा के दौरान कहा कि यशस्वी को अपने खेल में बदलाव करने की जरूरत नहीं है, लेकिन उन्हें ऐसी टीम में जाना चाहिए जहां वे मुख्य भूमिका निभा सकें। उन्होंने कहा, “यशस्वी एक स्टार खिलाड़ी हैं। लेकिन वैभव सूर्यवंशी के साथ बल्लेबाजी करते हुए वे उनकी छाया में नजर आते हैं। अगर वे किसी दूसरी फ्रेंचाइजी में जाएंगे तो अपने दम पर मैच जिताने वाले खिलाड़ी बन सकते हैं।”
पूर्व क्रिकेटर ने यह भी कहा कि जायसवाल को किसी समझदार मार्गदर्शक की जरूरत है, जो उन्हें सही फैसले लेने में मदद कर सके। रायडु ने मुंबई इंडियंस को उनके लिए सबसे उपयुक्त टीम बताया। उनका मानना है कि मुंबई जैसी बड़ी फ्रेंचाइजी में यशस्वी को नई पहचान मिल सकती है।
यशस्वी जायसवाल ने पिछले कुछ वर्षों में आईपीएल में अपनी अलग पहचान बनाई है। आईपीएल 2023 में उन्होंने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 635 रन बनाए थे। इस दौरान उनके बल्ले से एक शतक और पांच अर्धशतक निकले थे। इसी सीजन उन्होंने सिर्फ 13 गेंदों में अर्धशतक लगाकर आईपीएल इतिहास की सबसे तेज फिफ्टी का रिकॉर्ड भी बनाया था।
इसके बाद 2025 सीजन में भी उन्होंने 559 रन बनाए और उनका स्ट्राइक रेट करीब 160 का रहा। मौजूदा सीजन में भी जायसवाल 426 रन बना चुके हैं और तीन अर्धशतक लगा चुके हैं। हालांकि, वैभव सूर्यवंशी की लगातार विस्फोटक पारियों के कारण जायसवाल की उपलब्धियां सुर्खियों में कम दिखाई दे रही हैं।
क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि राजस्थान रॉयल्स के पास इस समय दो बेहतरीन युवा बल्लेबाज हैं, लेकिन टीम में भूमिका और पहचान का संतुलन बनाए रखना भी चुनौती बन सकता है। ऐसे में आने वाले समय में यशस्वी जायसवाल का फैसला काफी अहम माना जा रहा है।
