बीड में दोनों पक्षों की शिकायतें निकलीं बेबुनियाद, पुलिस जांच के बाद मामला शांत

बीड: महाराष्ट्र के चर्चित संतोष देशमुख हत्याकांड से जुड़े एक नए विवाद में पुलिस जांच के बाद बड़ा खुलासा हुआ है। संतोष देशमुख के भाई धनंजय देशमुख और शिकायतकर्ता समाधान खिंदकर की ओर से लगाए गए आरोप जांच में सही नहीं पाए गए हैं। पुलिस ने कहा है कि दोनों पक्षों की शिकायतों के समर्थन में कोई ठोस सबूत नहीं मिला।
रविवार को मामला उस समय सुर्खियों में आया जब समाधान खिंदकर ने आरोप लगाया कि धनंजय देशमुख ने एक होटल में विवाद के दौरान उनके सिर पर पिस्तौल तान दी थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया। लेकिन बाद में जब घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों की जांच की गई तो आरोपों की पुष्टि नहीं हो सकी।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक जांच के दौरान यह भी सामने आया कि धनंजय देशमुख ने समाधान खिंदकर के खिलाफ आपराधिक धमकी की शिकायत दी थी। इस शिकायत की भी जांच की गई, लेकिन इसमें लगाए गए आरोप भी प्रमाणित नहीं हुए।
जांच टीम ने कई प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज किए और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों का विश्लेषण किया। पुलिस का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्य किसी भी पक्ष के आरोपों की पुष्टि नहीं करते हैं। इसी आधार पर दोनों शिकायतों को बेबुनियाद माना गया है।
मामले के सामने आने के बाद जिले में राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी तेज हो गईं। कई लोगों ने सवाल उठाया कि बिना पर्याप्त जांच के एफआईआर दर्ज क्यों की गई। वहीं कुछ राजनीतिक दलों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं की गई है और आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट तथा न्यायालय के निर्देशों के अनुसार की जाएगी।
